मुंबई में बॉलीवुड एक्टर टाइगर श्रॉफ की कार पर हुई फायरिंग के बाद शहर की सुरक्षा व्यवस्था और पुलिस की कार्यशैली को लेकर सवाल उठने लगे हैं। इस घटना के बीच कॉकरोच जनता पार्टी के संस्थापक अभिजीत दीपके ने महाराष्ट्र सरकार और पुलिस पर तंज कसते हुए कहा है कि छात्रों और एक्टिविस्ट्स के खिलाफ कार्रवाई करने के बजाय पुलिस को असली अपराधियों पर ध्यान देना चाहिए। टाइगर श्रॉफ की कार पर हुई फायरिंग के बाद उनका यह बयान चर्चा में आ गया है।

अभिजीत दीपके ने पुलिस की प्राथमिकताओं पर उठाए सवाल

अभिजीत दीपके ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X पर पोस्ट कर सरकार और पुलिस की प्राथमिकताओं पर सवाल उठाए। उन्होंने आरोप लगाया कि पुलिस छात्रों और एक्टिविस्ट्स के खिलाफ कार्रवाई करने में जुटी है, जबकि उसे अपराधियों के खिलाफ सख्त कदम उठाने चाहिए।

अभिजीत का यह बयान ऐसे समय में आया है, जब टाइगर श्रॉफ की कार पर फायरिंग की घटना ने मुंबई की सुरक्षा व्यवस्था को लेकर नई बहस छेड़ दी है। इससे पहले भी अभिजीत दीपके सौरव दास और आशुतोष रांका की गिरफ्तारी को लेकर नाराजगी जाहिर कर चुके हैं। उन्होंने आरोप लगाया था कि राज्य सरकार जानबूझकर उनकी गिरफ्तारी की प्रक्रिया को लंबा खींच रही है, जिससे अदालत की कार्यवाही और उनकी रिहाई में देरी हो रही है।

टाइगर श्रॉफ की कार पर कब और कहां हुई फायरिंग?

रिपोर्ट के मुताबिक, रविवार शाम करीब 7 बजे मुंबई में टाइगर श्रॉफ की कार पर बाइक सवार तीन हमलावरों ने गोलियां चलाईं। घटना के दौरान टाइगर के ड्राइवर फिरदौस के बाएं हाथ में गोली लग गई। उन्हें इलाज के लिए नानावटी अस्पताल ले जाया गया। वहीं, मौके पर मौजूद एक फैन के भी घायल होने की खबर सामने आई है। बताया जा रहा है कि वह टाइगर श्रॉफ की एक झलक पाने के लिए वहां पहुंचा था।

जुहू पुलिस के मुताबिक, टाइगर श्रॉफ पुष्पा पार्क पहुंचे थे, जिसे जमनाबाई नर्सरी के नाम से भी जाना जाता है। वह वहां जन्मदिन के एक कार्यक्रम में शामिल हुए थे। कार्यक्रम के बाद जब वह जाने की तैयारी कर रहे थे, तभी फायरिंग की घटना हुई।

बताया गया कि तीनों हमलावर सफेद शर्ट पहने हुए थे। वारदात को अंजाम देने के बाद वे एसवी रोड और विले पार्ले रेलवे स्टेशन की दिशा में फरार हो गए। घटनास्थल जुहू पुलिस स्टेशन से करीब 350 मीटर की दूरी पर बताया गया है।

सोशल मीडिया पोस्ट में हमले की जिम्मेदारी लेने का दावा

इस मामले में सोशल मीडिया पर सामने आई एक पोस्ट भी पुलिस की जांच के दायरे में है। पोस्ट में अनिल पंडित और हरमन संधू नाम के लोगों ने कथित तौर पर हमले की जिम्मेदारी लेने का दावा किया है।

पोस्ट में दावा किया गया कि टाइगर श्रॉफ को सलमान खान के साथ उनके संबंधों या उनके साथ काम करने की वजह से निशाना बनाया गया। इसके अलावा, सलमान खान के साथ काम कर चुके फिल्म इंडस्ट्री के लोगों को भी धमकी दिए जाने की बात कही गई है।

हालांकि, सोशल मीडिया पोस्ट की प्रामाणिकता और उसमें किए गए दावों की पुलिस की ओर से पुष्टि नहीं हुई है। अनिल पंडित के लॉरेंस बिश्नोई गैंग से कथित संबंधों को लेकर भी चर्चाएं सामने आई हैं, लेकिन इसकी पुष्टि होना बाकी है।

फिलहाल, पुलिस हमलावरों की पहचान करने और फायरिंग के पीछे की वजह का पता लगाने में जुटी है। इस घटना के बीच अभिजीत दीपके के बयान ने पुलिस की प्राथमिकताओं और मुंबई की सुरक्षा व्यवस्था को लेकर राजनीतिक और सामाजिक बहस को एक बार फिर तेज कर दिया है।