‘RRR’ बनाने में लगे थे 315 दिन, ‘वाराणसी’ 275 दिनों में तैयार! राजामौली ने बताया कैसे बचाए 40 दिन
साउथ सिनेमा के दिग्गज डायरेक्टर एस.एस. राजामौली एक बार फिर बड़े पर्दे पर धमाका करने की तैयारी में हैं। उनकी अपकमिंग फिल्म ‘वाराणसी’ को भारतीय सिनेमा के सबसे महत्वाकांक्षी प्रोजेक्ट्स में से एक माना जा रहा है। महेश बाबू, प्रियंका चोपड़ा और पृथ्वीराज सुकुमारन जैसे बड़े सितारों से सजी इस फिल्म को लेकर दर्शकों के बीच जबरदस्त उत्सुकता है। अब फिल्म से जुड़ी एक ऐसी जानकारी सामने आई है, जिसने इसके स्केल और राजामौली की फिल्ममेकिंग को लेकर चर्चा और तेज कर दी है। डायरेक्टर ने खुलासा किया है कि ‘वाराणसी’ की शूटिंग पूरी हो चुकी है और उन्होंने अपनी पिछली ब्लॉकबस्टर ‘RRR’ के मुकाबले इस फिल्म की शूटिंग में 40 दिन कम लगाए हैं।
‘RRR’ से कई गुना बड़ी है ‘वाराणसी’
एस.एस. राजामौली अपनी फिल्मों को भव्य स्तर पर बनाने के लिए जाने जाते हैं। ‘बाहुबली’ फ्रेंचाइजी से लेकर ‘RRR’ तक, उन्होंने भारतीय सिनेमा को ऐसे प्रोजेक्ट्स दिए हैं, जिनकी चर्चा दुनियाभर में हुई। अब उनकी नजर ‘वाराणसी’ के जरिए एक बार फिर नया सिनेमाई अनुभव देने पर है।
राजामौली के मुताबिक, ‘वाराणसी’ का स्केल उनकी फिल्म ‘RRR’ से लगभग पांच से छह गुना बड़ा है। फिल्म की कहानी, इसके अलग-अलग लोकेशंस और बड़े एक्शन सीक्वेंस इसे बेहद चुनौतीपूर्ण प्रोजेक्ट बनाते हैं। इसके बावजूद डायरेक्टर ने शूटिंग को पहले के मुकाबले कम समय में पूरा कर लिया है।
315 दिन की जगह 275 दिनों में पूरी हुई शूटिंग
राजामौली ने ब्राजील में आयोजित एक फिल्म फेस्टिवल के दौरान अपनी फिल्म की शूटिंग और तैयारी से जुड़े अनुभव साझा किए। उन्होंने बताया कि ‘RRR’ की शूटिंग पूरी करने में करीब 315 दिन लगे थे, जबकि ‘वाराणसी’ जैसी बड़ी फिल्म को लगभग 275 दिनों में शूट कर लिया गया।
डायरेक्टर के मुताबिक, इस बार उन्होंने शूटिंग शुरू करने से पहले ही काफी ज्यादा तैयारी की थी। उन्होंने फिल्म के अलग-अलग सीक्वेंस और उनकी जरूरतों को लेकर पहले से विस्तृत योजना बनाई, जिसका फायदा शूटिंग के दौरान मिला।
राजामौली ने बताया कि ‘RRR’ को बनाने में लगे 315 दिनों के मुकाबले ‘वाराणसी’ को 275 दिनों में पूरा करना उनके लिए एक बड़ी उपलब्धि है। इस तरह उन्होंने लगभग 40 दिन बचा लिए।
‘RRR’ का अनुभव आया काम
राजामौली के लिए ‘वाराणसी’ सिर्फ एक और बड़ी फिल्म नहीं है, बल्कि उनके पिछले अनुभवों को नए स्तर पर इस्तेमाल करने का मौका भी है। ‘RRR’ के निर्माण के दौरान उन्होंने बड़े एक्शन सीक्वेंस, विजुअल इफेक्ट्स और कई तकनीकी चुनौतियों से निपटने का अनुभव हासिल किया था। इस बार उसी अनुभव के साथ उन्होंने ज्यादा व्यवस्थित तरीके से काम किया।
फिल्म की शूटिंग में समय बचाने के पीछे उनकी बेहतर प्लानिंग को अहम वजह माना जा रहा है। बड़े बजट की फिल्मों में शूटिंग के दौरान होने वाली देरी से बचना आसान नहीं होता, खासकर तब जब कहानी में अलग-अलग देशों, विशाल सेट्स और जटिल सीक्वेंस की जरूरत हो। ऐसे में ‘वाराणसी’ की शूटिंग को निर्धारित योजना के तहत पूरा करना राजामौली की तैयारी को दिखाता है।
टाइम ट्रैवल और रामायण का कनेक्शन बनाएगा फिल्म को खास
‘वाराणसी’ को लेकर सबसे ज्यादा चर्चा इसकी अनोखी कहानी की हो रही है। फिल्म में टाइम ट्रैवल और भारतीय पौराणिक कथाओं का मेल देखने को मिलने वाला है। महेश बाबू फिल्म में रुद्र नाम का किरदार निभा रहे हैं, जो समय में पीछे जाकर एक रहस्य को सुलझाने की कोशिश करता है। कहानी में रामायण के एक हिस्से को भी शामिल किए जाने की बात सामने आई है।
यही वजह है कि फिल्म को एक सामान्य एक्शन-एडवेंचर से कहीं ज्यादा बड़ा प्रोजेक्ट माना जा रहा है। इसमें आधुनिक तकनीक, ऐतिहासिक और पौराणिक दुनिया के साथ-साथ बड़े पैमाने पर एक्शन देखने को मिल सकता है।
अंटार्कटिका से अफ्रीका तक, कई अनोखी लोकेशंस पर हुई शूटिंग
राजामौली ने फिल्म की शूटिंग को लेकर बताया कि ‘वाराणसी’ के अलग-अलग हिस्सों को तैयार करना अपने आप में एक बड़ी चुनौती थी। फिल्म में वाराणसी के अलावा अफ्रीका और अंटार्कटिका जैसी जगहों से जुड़े सीक्वेंस भी शामिल हैं। इसके अलावा टाइम ट्रैवल के जरिए पौराणिक दुनिया में पहुंचने और उग्रभटि गुफाओं जैसे हिस्सों को भी कहानी का महत्वपूर्ण भाग बताया गया है।
डायरेक्टर के मुताबिक, फिल्म का लगभग हर बड़ा सीक्वेंस अपने आप में एक अलग फिल्म जैसा है। अंटार्कटिका, अफ्रीका, वाराणसी, पौराणिक दुनिया, गुफाओं और क्लाइमैक्स जैसे हिस्सों को एक ही कहानी में जोड़ना आसान काम नहीं था।
राजामौली के सामने सबसे बड़ी चुनौती यही थी कि इतने अलग-अलग तरह के सीक्वेंस के बावजूद फिल्म की कहानी और उसका प्रभाव एकसाथ बना रहे। उन्हें कई ऐसी दुनिया और घटनाओं को एक ही फिल्म में पिरोना था, जिनमें से हर एक को अलग प्रोजेक्ट के तौर पर भी विकसित किया जा सकता था।
1000 करोड़ रुपये से ज्यादा का बजट, IMAX में रिलीज की तैयारी
‘वाराणसी’ को बड़े बजट पर तैयार किया जा रहा है और इसकी लागत 1000 करोड़ रुपये से ज्यादा बताई जा रही है। फिल्म में बड़े स्तर पर विजुअल इफेक्ट्स यानी VFX का इस्तेमाल किया गया है। इसे IMAX फॉर्मेट को ध्यान में रखकर तैयार किए जाने की भी चर्चा है, ताकि दर्शकों को सिनेमाघरों में विशाल स्क्रीन पर कहानी का भव्य अनुभव मिल सके।
फिल्म में महेश बाबू के साथ प्रियंका चोपड़ा और पृथ्वीराज सुकुमारन जैसे कलाकार नजर आएंगे। इस स्टारकास्ट, बड़े बजट और टाइम ट्रैवल व पौराणिक कथाओं के मेल ने फिल्म को लेकर उम्मीदें काफी बढ़ा दी हैं।
‘वाराणसी’ की वर्ल्डवाइड थिएट्रिकल रिलीज 7 अप्रैल 2027 को निर्धारित है। अब फिल्म की शूटिंग पूरी होने के बाद दर्शकों की नजर इसके अगले प्रमोशनल अपडेट्स, ट्रेलर और कहानी से जुड़ी नई जानकारियों पर रहेगी। राजामौली की पिछली फिल्मों के रिकॉर्ड को देखते हुए ‘वाराणसी’ से भी भारतीय सिनेमा में एक नया पैमाना स्थापित करने की उम्मीद की जा रही है।